Ranchi: विश्व गौरैया दिवस के अवसर पर रांची में वन विभाग द्वारा एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की थीम “गौरैया लौटेंगे तो सुबह मुस्कुराएगी” रखी गई, जिसने लोगों को प्रकृति और पर्यावरण संरक्षण के प्रति भावनात्मक रूप से जोड़ने का काम किया।
इस आयोजन में बड़ी संख्या में लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और गौरैया सहित छोटे पक्षियों की पारिस्थितिकी में अहम भूमिका के बारे में जानकारी प्राप्त की। कार्यक्रम में मौजूद डीएफओ श्रीकांत वर्मा ने बताया कि यह तीन दिवसीय आयोजन है, जो 20 से 22 मार्च तक चलेगा।
उन्होंने जानकारी दी कि 21 मार्च को International Day of Forests (अंतरराष्ट्रीय वन दिवस) और 22 मार्च को World Water Day (विश्व जल दिवस) मनाया जाता है। ये तीनों दिवस एक-दूसरे से जुड़े हुए हैं, इसलिए इन्हें एक साथ जोड़कर कार्यक्रम आयोजित किया गया है।
कार्यक्रम के दौरान गौरैया के साथ-साथ अन्य छोटे वन्य जीवों के संरक्षण पर भी विशेष जोर दिया गया। कलाकारों के माध्यम से जागरूकता फैलाने का अनूठा प्रयास किया जा रहा है। देश-विदेश से आए कलाकार मौके पर ही चित्र और कलाकृतियां बना रहे हैं, जिन्हें बाद में प्रदर्शनी में प्रदर्शित किया जाएगा।
इस पहल के जरिए कला और साहित्य के माध्यम से लोगों तक यह संदेश पहुंचाने की कोशिश की जा रही है कि गौरैया और छोटे जीवों का संरक्षण न केवल जरूरी है, बल्कि पर्यावरण संतुलन के लिए बेहद अहम भी है।