Ranchi: झारखंड हाईकोर्ट ने अधिवक्ता मनोज टंडन की कार रिलीज नहीं किए जाने के मामले में सख्त रुख अपनाया है। अदालत ने राज्य की DGP को ऑनलाइन माध्यम से और रांची के सिटी एसपी तथा डोरंडा थाना प्रभारी को व्यक्तिगत रूप से कोर्ट में उपस्थित होने का निर्देश दिया है।
दरअसल, अधिवक्ता मनोज टंडन की कार और एक बाइक के बीच हुई मामूली टक्कर के बाद पुलिस ने उनकी गाड़ी जब्त कर ली थी। इस मामले को हाईकोर्ट के वकीलों ने गंभीरता से अदालत के समक्ष उठाया। इससे पूर्व गुरुवार को कोर्ट ने सुनवाई करते हुए वाहन रिलीज करने का आदेश दिया था, लेकिन आदेश के बावजूद गाड़ी नहीं छोड़ी गई।
मामले की सुनवाई जस्टिस गौतम चौधरी की अदालत में हुई। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया है कि अधिवक्ता मनोज टंडन के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी में पुलिस की जांच पर फिलहाल रोक रहेगी।
गौरतलब है कि दुर्घटना के बाद दोनों पक्षों की ओर से प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी और घटनास्थल पर कई घंटों तक हंगामे की स्थिति बनी रही थी। अब कोर्ट के सख्त रुख के बाद पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई हैं।